ads banner
ads banner
ads banner
ads banner
ads banner
ads banner
घरेलू खिलाड़ीजानिए 15 वर्षीय प्रणव आनंद के ग्रैंडमास्टर बनने का सफर

जानिए 15 वर्षीय प्रणव आनंद के ग्रैंडमास्टर बनने का सफर

जानिए 15 वर्षीय प्रणव आनंद के ग्रैंडमास्टर बनने का सफर

इसी साल 15 सितंबर को भारत के 15 वर्षीय युवा खिलाड़ी प्रणव आनंद हमारे देश के 76th ग्रंड्मास्टर बने थे
और इसके बाद 17 सितंबर को वो विश्व युवा अंडर-16 ओपन के चैम्पियन बन गए थे | प्रणव कर्नाटक के चौथे
ग्रंड्मास्टर है , बहुत ही कम प्लेयर्स है जिन्होंने इतनी कम उम्र में इतना बड़ा मकाम हासिल किया है | आज हम
आपको अपने इस लेख में प्रणव के ग्रंड्मास्टर बनने तक के सफर के बारे में बताएंगे की कैसे उन्होंने सारे GM
norms पाए थे | 

 

 

प्रणव 2021 में भारत के इंटरनेशनल मास्टर बने थे जिसके बाद उनका मकसद जल्द से जल्द सिर्फ ग्रंड्मास्टर
के टाइटल तक पहुंचना था जिसके लिए उन्होंने कड़ी मेहनत की tournaments में हिस्सा लिया और कई
प्रतियोगिताओं को जीता भी | 

 

 

प्रणव को अपना पहला GM नॉर्म अर्जित करने के लिए लगातार तीन games जीतनी थी और ये उन्होंने 2021
दिसंबर में  सनवे सिटजेस ओपन के दौरान कर दिखाया, उन्होंने इस टूर्नामेंट में GM नोवेंद्र प्रियसमोरो और
GM डैनियल दर्धा  को हराया था और इसके बाद GM एम अमीन तबताबाई और GM संकल्प गुप्ता के साथ
मैच ड्रॉ किया था , इस तरह से उन्होंने अपना पहला GM  नॉर्म अर्जित कर लिया | 

 

 

प्रणव ने अपना दूसरा GM नॉर्म हंगरी में वेज़रकेप्ज़ो जीएम मार्च के दौरान अर्जित किया | इस टूर्नामेंट में
उन्होंने  ग्रांडमास्टर्स ज़ोल्टन वर्गा, लाजोस सेरेस और जीएम ज़्लात्को इलिनसिक  को हराया था | तीसरा नॉर्म
भारत के इस युवा ने  55वें बील मास्टर्स टूर्नामेंट में अर्जित किया , इस टूर्नामेंट को वो पाँचवे राउंड तक लीड
कर रहे थे ,उन्होंने इस टूर्नामेंट में GM मैक्सिम लेगार्ड और सेथुरमन एसपी को हराया था और फिर ग्रांडमास्टर्स
आर्यन चोपड़ा,शांत सरगस्यान और एडुआर्डो इटुरिजागा बोनेली के साथ मैच ड्रॉ किया और 2022 की विश्व युवा
अंडर-16 ओपन championship के दसवें round में उन्होंने जब IM एमिन ओहनयान को हरा कर 2500
की रेटिंग पार करी तो वो ग्रंड्मास्टर बन गए | 

 

 

ये भी पढ़े:- कौन है भारत का सबसे सर्वश्रेष्ठ शतरंज का खिलाड़ी ?

Darshna Khudania
Darshna Khudaniahttps://thechesskings.com/
मैं शतरंज की प्रशंसक, शतरंज की खिलाड़ी और शतरंज की कहानियों की एक श्रृंखला की लेखक हूं। मैं लगभग 12 वर्षों से शतरंज खेल रही हूं और इसकी चुनौती, जटिलता और सुंदरता के लिए खेल के प्रति आकर्षित थी। मुझे यह एक पेचीदा खेल लगता है जिसके जीवन में विभिन्न अनुप्रयोग हैं। इसने मुझे एक व्यक्ति के रूप में विकसित होने में मदद की है और यह सीखा है कि कैसे अच्छे निर्णय लेने हैं जो मेरे जीवन के पाठ्यक्रम को बदल सकते हैं।

चेस्स न्यूज़ इन हिंदी

भारत शतरंज न्यूज़